अमित कम्बोज संवाददाता मवाना
आज मंगलवार मवाना तहसील परिसर में मस्जिद से महज 50 मीटर की दूरी खुली शराब की दुकान के विरोध में गणमान्य लोगों ने दिया उप जिलाअधिकारी को ज्ञापन देकर शराब का ठेका वहां से हटाने के लिए कार्यवाही करने की मांग की l
प्राप्त जानकारी के अनुसार मिल रोड़ पर आवंटित हुए अंग्रेजी शराब और बीयर के ठेके का विरोध प्रदर्शन जारी शहरकाजी, पूर्व चेयरमैन, राजद नेता ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर कार्यवाही की मांग उठाई है। वित्तीय वर्ष 2025.26 शुरू होने पर पूरे प्रदेश में आबकारी विभाग द्वारा नए सिरे से शराब के ठेकों का आवंटन किया गया है और आबकारी विभाग द्वारा ठेकों की जगह के निर्धारण में भारी लापरवाही बरतने के कारण गंभीर स्थिति उत्पन्न हो गई है और आबकारी विभाग के अधिकारियों द्वारा सर्वोच्च न्यायालय के धार्मिक स्थलों,स्कूल कॉलेजों के आसपास शराब ठेके विकसित नहीं करने के आदेशों की भी धज्जियां उड़ाई गई हैं। ऐसा ही एक मामला मवाना कस्बे का भी है जहां मिल रोड़ पर पूर्व सांसद अमरपाल की कोठी के सामने अंग्रेजी शराब और बीयर की दुकान का निर्माण किया जा रहा है। इस दुकान से महज पचास मीटर से भी कम की दूरी पर पुरानी मस्जिद भी है। मंगलवार को शहरकाजी मौलाना नफीस अहमद कासमी,पूर्व चेयरमैन अय्यूब कालिया,राजद नेता यूसुफ कुरैशी एसडीएम मवाना दीपक माथुर से मिले और उन्हें ज्ञापन सौंपते हुए शराब की दुकान को वहां से कहीं और शिफ्ट कराए जाने की मांग उठाई। अभी एक सप्ताह पूर्व ही सरस्वती विद्या मंदिर के पास बन रही शराब की दुकान का विवाद सुलझा है। वहीं ठेकदार दिन रात दुकान में निर्माण करा रहा है। शहरकाजी मौलाना नफीस अहमद कासमी ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के आदेश हैं कि किसी भी धार्मिक स्थल जैसे मंदिर,मस्जिद,गुरुद्वारा,गिरजाघर और स्कूल कॉलेजों के आसपास शराब के ठेके नहीं खोले जा सकते हैं लेकिन इस वित्तीय वर्ष में शराब के ठेके इतने बड़े पैमाने पर खोले गए हैं कि अकेले मवाना कस्बे में सात जगह शराब के ठेकों का आवंटन हुआ है इतने बड़े पैमाने पर ठेके छोड़े जाना ये साफ दिखाता है कि शराब का व्यापार कितने बड़े पैमाने पर देशभर में हो रहा है l शिकायत सुनने के बाद एसडीएम मवाना दीपक माथुर ने यथासंभव शराब ठेके को मस्जिद के पास से कहीं और शिफ्ट कराए जाने का आश्वासन दिया है।
