रिपोर्ट लोकेश कुमार।
सरधना विधायक अतुल प्रधान ने बताया नीरज मित्तल को भूमाफिया, धार्मिक आयोजन पर उठाए सवाल मेरठ। आगामी 25 तारीख मे होने वाले धीरेंद्र शास्त्री के आयोजन को लेकर एक नया विवाद खड़ा हो गया है। सरधना के समाजवादी पार्टी (सपा) विधायक अतुल प्रधान ने आयोजनकर्ता नीरज मित्तल पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने नीरज मित्तल को ‘भूमाफिया’ करार देते हुए सवाल उठाया कि ऐसे व्यक्ति के आयोजन से धार्मिक लाभ कैसे संभव हो सकता है।विधायक का आरोप: गरीबों की जमीन हड़पने का आरोपअतुल प्रधान ने कहा कि नीरज मित्तल मेरठ शहर के सबसे बड़े भूमाफिया में से एक हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मित्तल ने अब तक शहर में कई अवैध कच्ची कॉलोनियां काटी हैं और गरीबों की जमीन पर अवैध कब्जा किया है। प्रधान का कहना है कि जिन गरीब किसानों की जमीनें मित्तल ने हड़प लीं, वे आज भी न्याय के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं।विधायक प्रधान ने कहा:> “नीरज मित्तल जैसे भूमाफिया द्वारा आयोजित कार्यक्रम में क्या धर्मलाभ होगा? ये वही पैसा है जो गरीबों से उनकी जमीन छीनकर कमाया गया है। इससे समाज में धर्म का संदेश कम और पाप का विस्तार अधिक होगा।”धीरेंद्र शास्त्री के आगमन पर भी सवाल: विधायक ने स्पष्ट किया कि धीरेंद्र शास्त्री जैसे आध्यात्मिक गुरु को भी इस बात पर विचार करना चाहिए कि वे किसके आयोजन में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर ऐसे आयोजनों के पीछे गलत तरीके से अर्जित धन लगा है, तो यह धार्मिक आयोजन की पवित्रता को प्रभावित कर सकता है।अतुल प्रधान ने आगे कहा:> “धर्म और आध्यात्मिकता का आधार सत्य और न्याय होता है। अगर इस तरह के आयोजनों के पीछे अन्याय और शोषण की छाया है, तो यह समाज को गलत संदेश देगा।”आरोपों का राजनीतिक संदर्भयह भी ध्यान देने योग्य है कि अतुल प्रधान पहले भी भूमाफिया और प्रशासनिक भ्रष्टाचार को लेकर मुखर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन को नीरज मित्तल की संपत्तियों की जांच करनी चाहिए और उनके अवैध कार्यों पर रोक लगानी चाहिए। प्रधान ने मांग की कि ऐसे आयोजनकर्ताओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।नीरज मित्तल की सफाईहालांकि इस पूरे मामले में नीरज मित्तल की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। यदि वे आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हैं, तो इससे मामले में और स्पष्टता आ सकती है।प्रशासन की भूमिका पर सवालविधायक प्रधान ने प्रशासन पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मेरठ प्रशासन की निष्क्रियता के चलते ही नीरज मित्तल जैसे भूमाफिया पनप रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कई बार शिकायतों के बावजूद न मित्तल पर कोई ठोस कार्रवाई हुई और न ही पीड़ित किसानों को न्याय मिला।उन्होंने कहा:> “जब तक प्रशासन भूमाफिया पर सख्त कार्रवाई नहीं करता, तब तक गरीब किसानों को न्याय नहीं मिलेगा। ऐसे लोगों को धार्मिक आयोजनों की आड़ में खुद की छवि सुधारने का मौका नहीं दिया जाना चाहिए।”समाज में प्रतिक्रियाविधायक अतुल प्रधान के इस बयान के बाद शहर में राजनीतिक और सामाजिक हलचल तेज हो गई है। कुछ लोग विधायक के इस बयान को राजनीतिक स्टंट बता रहे हैं, तो कुछ लोग उनके बयान का समर्थन कर रहे हैं।आगे की राहअब देखना होगा कि इस विवाद पर धीरेंद्र शास्त्री या नीरज मित्तल की ओर से क्या प्रतिक्रिया आती है। साथ ही, प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है, यह भी महत्वपूर्ण होगा।
