मेरठ: शहर के प्रसिद्ध गोल मंदिर में नवरात्रि के अवसर पर माता अम्बे के व्रत भोग प्रसाद को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। श्रद्धालुओं को मंदिर से व्रत भोग का प्रसाद प्राप्त करने के लिए अब 151 रुपये की ऑनलाइन राशि अदा करनी होगी। यह निर्णय मंदिर प्रशासन द्वारा लिया गया है, जिसे लेकर कई लोगों ने नाराजगी जताई है।
गरीब श्रद्धालुओं पर असर
गोल मंदिर में दर्शन करने और माता अम्बे का आशीर्वाद पाने के लिए हर वर्ग के लोग आते हैं। खासकर नवरात्रि में माता के दर्शन और व्रत भोग का प्रसाद लेने की परंपरा रही है। लेकिन 151 रुपये की निर्धारित राशि के कारण आर्थिक रूप से कमजोर श्रद्धालुओं के लिए यह प्रसाद लेना कठिन हो गया है। श्रद्धालुओं का कहना है कि भक्ति में कोई कीमत नहीं होनी चाहिए और प्रसाद वितरण सभी के लिए समान रूप से सुलभ होना चाहिए।
ऑनलाइन भुगतान की अनिवार्यता
मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से प्रसाद के लिए ऑनलाइन भुगतान करने को कहा है। डिजिटल भुगतान की अनिवार्यता ने उन लोगों के सामने भी समस्या खड़ी कर दी है जो स्मार्टफोन या डिजिटल पेमेंट करने में असमर्थ हैं।
श्रद्धालुओं की प्रतिक्रिया
कई श्रद्धालुओं ने इस निर्णय को अनुचित बताते हुए कहा कि यह गरीब और असहाय लोगों के लिए भक्ति और आस्था पर आर्थिक बोझ डालने जैसा
