मवाना संवाददाता*आज मंगलवार मवाना नगर के तहसील परिसर में भूमि पैमाइश विवाद को लेकर किसानों और महिलाओं ने तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन पर मामले में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए जल्द समाधान की मांग की। धरना समाप्त होने के बाद कुछ महिलाएं उप जिलाधिकारी संतोष कुमार की गाड़ी के सामने सड़क पर लेट गईं, जिससे कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई।किसान नेता शौकीन के नेतृत्व में आयोजित प्रदर्शन में वक्ताओं ने बताया कि आनंदवीर बनाम मोहनगिर प्रकरण में धारा-24 के तहत पूर्व में कानूनगो मुकेश गौड़ द्वारा की गई पैमाइश के आधार पर आदेश पारित किए गए थे। प्रार्थी मोहनगिर का आरोप है कि उक्त पैमाइश गलत तरीके से की गई थी। उनका कहना है कि 3 जून 2026 को कानूनगो सीताराम द्वारा दोबारा कराई गई पैमाइश में उनके खेत का रकबा 1865 वर्ग मीटर कम पाया गया, लेकिन संबंधित रिपोर्ट अभी तक उन्हें उपलब्ध नहीं कराई गई है।मोहनगिर ने आरोप लगाया कि आनंदवीर ने उनके खेत में खूंटियां गाड़ रखी हैं, जिससे खेती करने में परेशानी हो रही है। उन्होंने गलत पैमाइश के कारण फसल और आर्थिक नुकसान होने की बात भी कही।धरना समाप्त होने के बाद जब एसडीएम संतोष कुमार अपनी गाड़ी से तहसील परिसर से बाहर निकल रहे थे, तभी प्रदर्शन में शामिल कुछ महिलाएं अचानक गाड़ी के सामने सड़क पर लेट गईं। महिलाओं ने प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए तत्काल कार्रवाई और न्याय की मांग की। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने महिलाओं को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।बाद में एसडीएम संतोष कुमार ने प्रदर्शनकारियों को आश्वासन दिया कि मामले की निष्पक्ष जांच कराकर शीघ्र समाधान कराया जाएगा तथा किसी भी पक्ष के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। एसडीएम संतोष कुमार सिंह ने प्रदर्शनकारियों से शिकायत पत्र प्राप्त कर मामले की जांच कराने और संबंधित अधिकारियों द्वारा अगले दिन से कार्रवाई शुरू कराने का आश्वासन दिया। एसडीएम के आश्वासन के बाद किसानों ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया।*भूमि पैमाइश विवाद पर किसानों का धरना, एसडीएम की गाड़ी के आगे सड़क पर लेटीं महिलाएं**मवाना संवाददाता*आज मंगलवार मवाना नगर के तहसील परिसर में भूमि पैमाइश विवाद को लेकर किसानों और महिलाओं ने तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन पर मामले में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए जल्द समाधान की मांग की। धरना समाप्त होने के बाद कुछ महिलाएं उप जिलाधिकारी संतोष कुमार की गाड़ी के सामने सड़क पर लेट गईं, जिससे कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई।किसान नेता शौकीन के नेतृत्व में आयोजित प्रदर्शन में वक्ताओं ने बताया कि आनंदवीर बनाम मोहनगिर प्रकरण में धारा-24 के तहत पूर्व में कानूनगो मुकेश गौड़ द्वारा की गई पैमाइश के आधार पर आदेश पारित किए गए थे। प्रार्थी मोहनगिर का आरोप है कि उक्त पैमाइश गलत तरीके से की गई थी। उनका कहना है कि 3 जून 2026 को कानूनगो सीताराम द्वारा दोबारा कराई गई पैमाइश में उनके खेत का रकबा 1865 वर्ग मीटर कम पाया गया, लेकिन संबंधित रिपोर्ट अभी तक उन्हें उपलब्ध नहीं कराई गई है।मोहनगिर ने आरोप लगाया कि आनंदवीर ने उनके खेत में खूंटियां गाड़ रखी हैं, जिससे खेती करने में परेशानी हो रही है। उन्होंने गलत पैमाइश के कारण फसल और आर्थिक नुकसान होने की बात भी कही।धरना समाप्त होने के बाद जब एसडीएम संतोष कुमार अपनी गाड़ी से तहसील परिसर से बाहर निकल रहे थे, तभी प्रदर्शन में शामिल कुछ महिलाएं अचानक गाड़ी के सामने सड़क पर लेट गईं। महिलाओं ने प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताते हुए तत्काल कार्रवाई और न्याय की मांग की। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने महिलाओं को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।बाद में एसडीएम संतोष कुमार ने प्रदर्शनकारियों को आश्वासन दिया कि मामले की निष्पक्ष जांच कराकर शीघ्र समाधान कराया जाएगा तथा किसी भी पक्ष के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। एसडीएम संतोष कुमार सिंह ने प्रदर्शनकारियों से शिकायत पत्र प्राप्त कर मामले की जांच कराने और संबंधित अधिकारियों द्वारा अगले दिन से कार्रवाई शुरू कराने का आश्वासन दिया। एसडीएम के आश्वासन के बाद किसानों ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया।
